दिव्यांगजनों में भी निहित प्रतिभा, अवसर दिये जाने की आवश्यकता: सुश्री उइके

 राज्यपाल सुश्री अनुसुईया उइके से आज राजभवन में श्रीमती गार्गी पाण्डे के नेतृत्व में आर.सी.आई. शिक्षक संघ छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमण्डल ने सौजन्य मुलाकात कर अपनी समस्याओं से अवगत कराया। राज्यपाल ने कहा कि दिव्यांगजन में भी कई प्रकार की प्रतिभा निहित होती है। कई बार तो वे अन्य लोगों की अपेक्षा अच्छा प्रदर्शन करते हैं। दिव्यांग बच्चों के कई कार्यक्रमों में शामिल हुई हूं और उनकी भावनाओं को महसूस भी करती हूं। मुझसे राजभवन में पिछले दिनों एक दिव्यांग कलाकार ने मुलाकात की थी। उनकी कला को देखकर मेरा मन प्रसन्न हो गया। उनमें अभूतपूर्व योग्यता होती है। दिव्यांग बच्चों के शिक्षण हेतु विशेष शिक्षकों की नियुक्ति के लिए शासन स्तर पर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही करने के लिए निर्देर्शित करूंगी।

श्रीमती पाण्डे ने राज्यपाल को बताया कि शिक्षा का अधिकार कानून-2009 लागू होने के पश्चात् शासकीय अनुदान प्राप्त अन्य स्कूलों में दिव्यांग बच्चों को प्रवेश दिया जा रहा है, इस स्थिति में राज्य में दिव्यांग विद्यार्थियों की संख्या करीब 06 लाख से अधिक है। इनके लिए विशेष शिक्षा में शिक्षा की उपाधि प्राप्त तथा भारतीय पुनर्वास परिषद् नई दिल्ली से पंजीकृत प्रशिक्षित शिक्षकों की नियुक्ति का प्रावधान है, मगर राज्य में विशेष शिक्षकों की नियुक्ति अपेक्षाकृत संख्या में नहीं होने के कारण दिव्यांग बच्चों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रतिनिधिमण्डल ने राज्यपाल से विशेष शिक्षकों की भर्ती करने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग एवं समाज कल्याण विभाग को निर्देश देने का आग्रह किया है। इस अवसर पर श्रीमती मोनिका साहू, श्री सुनील साहू, श्री हरीश कुमार साहू उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.